Aakhiri Khwahish

Aakhiri Khwahish
Price: ₹300 - ₹267.00
(as of Mar 01,2025 16:15:42 UTC – Details)

Buy Now


From the Publisher

Aakhiri Khwahish by Ajay K. Pandey

Aakhiri Khwahish  by Ajay K. Pandey Aakhiri Khwahish  by Ajay K. Pandey

इस पुस्तक ने न केवल कई दिलों को छू लिया है, और आज भी सर्वाधिक बिकनेवाली सूची में शामिल है।.

उसके पिता की हद से ज्यादा उम्मीदों ने हर विफलता के साथ उसके आत्मविश्वास को और भी डगमगा दिया। उसके जीवन में उसकी पत्नी उम्मीद की एक किरण लेकर आई, जिसका व्यक्तित्व इतना करिश्माई था कि वह जहाँ जाती खुशियाँ बिखेर देती थी। सबकुछ योजना के मुताबिक चल रहा था कि तभी अँधेरे ने दस्तक दे दी। उसे पता चला कि उसकी पत्नी चंद दिनों की ही मेहमान है और उसने ठान लिया कि वह सारी मुश्किलों से लड़ेगा—यहाँ तक कि अपने परिवार से भी, अगर इससे उसके इलाज में मदद मिल जाए। उसके पिता को लगता है कि उनकी मदद करने से वह भी अपने पाप से मुक्त हो जाएँगे।वैसे भी उन्हें मालूम है कि उनका बेटा इस जंग को तभी जीतेगा जब अपनी पत्नी के लिए, अपनी पत्नी के साथ मिलकर लड़ेगा। क्या एक हारा हुआ बेटा खुद को एक अच्छा पति साबित कर पाएगा? क्या पिता-पुत्र की जोड़ी किस्मत के लिखे को मिटा पाएगी? ‘आखिरी ख्वाहिश’ प्रेम, संबंधों और त्याग की एक प्रेरक कहानी है, जो एक बार फिर साबित करती है कि एक अच्छी पत्नी बहुत अच्छे पति को बनाती है। अजय के पांडे इससे पहले बेहद लोकप्रिय पुस्तक ‘यू आर द बेस्ट वाइफ’ लिख चुके हैं, जो उनके अपने जीवन की घटनाओं और दृष्टांतों पर आधारित है।

Ajay K. PandeyAjay K. Pandey

Ajay K. Pandey

अजय के. पांडे रिहंद नगर की एन.टी.पी.सी. टाउनशिप में बड़े-बड़े सपने लेकर वयस्क हुए। उन्होंने कॉरपोरेट कंपनी में नौकरी करने से पहले आई.ई.आर.टी. (इलाहाबाद) से इलेक्ट्रॉनिक्स में इंजीनियरिंग और आई.आई.एम.एम. (पुणे) से एम.बी.ए. की पढ़ाई की। वर्तमान में वे पुणे के ‘कॉग्निजेंट’ के साथ काम कर रहे हैं। एक शिक्षक बनने के सपने के साथ वे बड़े हुए, लेकिन भाग्य ने उन्हें आई.टी. क्षेत्र में उतारा। यात्राएँ करने में विशेष अभिरुचि; ट्रेकिंग ने हमेशा उन्हें एक खेल की तरह चुनौतियों से निपटने के लिए प्रेरित किया है। पढ़ने का भी बहुत शौक है, जो उन्हें जीवंत रखता है। ‘यू आर द बेस्ट वाइफ’ उनकी पहली पुस्तक थी, जो उनके जीवन की घटनाओं और सीखों पर केंद्रित है। समाज के लिए कुछ करने की प्रबल इच्छा रखनेवाले अजय पांडे एक धर्मार्थ ट्रस्ट शुरू करने की इच्छा रखते हैं, जो वृद्ध लोगों के कल्याण के लिए काम करेऔर विशेष बच्चों को शिक्षित भी। अजय ने बेस्टसेलिंग पुस्तकें ‘हर लास्ट विश’ एंड ‘यू आर द बेस्ट फ्रेंड’ भी लिखी हैं

The Boy Who Loved by Durjoy DattaThe Boy Who Loved by Durjoy Datta

The Boy Who Loved by Durjoy Datta

कब और किससे प्यार करें बस ‘यही एक चीज है; जिसकी योजना आप जीवन में कभी बना नहीं सकते। रघु यह दिखाना चाहता है कि उसकी जिंदगी में कुछ भी अनोखा नहीं है-प्यार करनेवाले मध्यमवर्गीय मातापिता हैं; एक बड़ा भाई है; जिसका वह काफी सम्मान करता है; और किसी आई.आई.टी. में पढ़ने का विचार है। और वह चाहता है कि सबकुछ ऐसा ही लगे-एकदम सामान्य। अपने सबसे अच्छे दोस्त को उसने स्कूल के स्वीमिंग पूल में डूब जाने दिया; दिल की गहराई में दबा यह अपराध बोध कहीं-न-कहीं उसे दर्द देता रहता है। और फिर जब इस दुनिया से मुँह छिपाकर; दोस्ती और प्यार से मुँह मोड़कर वह खुद को सजा दे रहा होता है; तभी खूबसूरत ब्राह्मी उसका मन मोह लेती है। एक ऐसी लड़की; जो काफी कुछ उसके जैसी है; फिर भी एकदम अलग। रघु खुद को कितना ही रोकने की कोशिश करता है; लेकिन अपने दिल से उसे निकाल नहीं पाता फिर जिंदगी उसे पाताल में पटक देती है; जहाँ उसका सामना अपने सबसे भयंकर डर से होता है।

Ladki Anjani Si by Ajay K. PandeyLadki Anjani Si by Ajay K. Pandey

Ladki Anjani Si by Ajay K. Pandey

हर फरिश्ते में; एक शैतान छिपा होता है; और हर शैतान के भीतर; एक फरिश्ता पलता है। पहली बार जब उसने अपनी नई मकान-मालिकन पर नजर गड़ाई; जो एक विधवा और उससे ग्यारह साल बड़ी है; तो उसे एक मौका दिखाई पड़ा। उसके पास अमीर बनने का एक प्लान है और वह उसे पूरा करने के लिए कड़ी मेहनत करता है; जब तक कि उसकी मुलाकात पीहू से नहीं होती। वह एक अपरिपक्व टीनएजर है; जो नील को चाहती है; और आँख मूँदकर मान लेती है कि वह एक फरिश्ता है; जो उसकी जिंदगी की सारी मुश्किलें दूर कर देगा। बेवजह की इस चाहत और प्लान का काँटा बनती पीहू से नील नफरत करता है; लेकिन नील को बेहतर इनसान बनाने की पीहू की जिद नील को अंदर तक झकझोर देती है। क्या पीहू उसे बदल पाएगी? क्या जो इनसान सारी हदों को पार कर चुका है; उसका हृदय बदला? ‘लड़की अनजानी सी’ भावनाओं का ऐसा उफान है; जो आपको यकीन दिला देगा कि कबूलनाम सबसे बड़ी सजा होती है। अजय कुमार पांडे ने अपने लेखन से कई लोगों की जिंदगी को छूआ है; और वे लगातार प्रेम कहानियाँ लिख रहे हैं।

Pyaar To Hona Hi Tha by Himanshu RaiPyaar To Hona Hi Tha by Himanshu Rai

Pyaar To Hona Hi Tha by Himanshu Rai

रोहन मेरठ में तैनात एक टेलीकॉम प्रोफेशनल है और कॉलेज के दिनों से ही उसे अपनी गर्लफ्रेंड की याद सता रही है, जिसने कोई कारण बताए बिना ही उससे बातचीत बंद कर दी थी। वैसे वह हमेशा उसके साथ रही और उसकी आँखों में गहरा प्यार भी था, लेकिन वह उसकी खामोश गर्लफ्रेंड ही रही। पुस्तक की शुरुआत रोहन को भेजे वैदेही के एस.एम.एस. से होती है, जो पाँच साल बाद आता है, लेकिन इससे पहले कि वह जवाब दे पाता, उसका मोबाइल टूट जाता है और वह अपनी यादों में इस कहानी को सुनाने के लिए भटकता रहता है। यह बताने के लिए कि कैसे उसकी गर्लफ्रेंड इंजीनियरिंग कॉलेज में उनके फर्स्ट ईयर के बाद उसकी खामोश गर्लफ्रेंड बन जाती है। ‘प्यार तो होना ही था’ एक सच्ची प्रेम कहानी है, जिसमें रोहन इस राज को खोलता है कि क्यों वैदेही इतने समय तक चुप रही और कैसे उनका जीवन बदलने वाला है, लेकिन उन्हें नहीं मालूम कि कुछ बहुत बुरा होने वाला है। युवावस्था और तरुणाई के विविध रंग भरे स्वप्निल संसार की रोचक प्रस्तुति है यह उपन्यास ‘प्यार तो होना ही था’।

Kya Mujhe Pyar Hai? By Arvind ParasharKya Mujhe Pyar Hai? By Arvind Parashar

Kya Mujhe Pyar Hai? By Arvind Parashar

‘‘और तुम कितने लोगों को जानते हो; जो किसी को सात वर्षों से चाहते हों और वह भी एकतरफा?’’ ‘‘मेरे खयाल से यह एकतरफा प्यार है; इसीलिए सात वर्षों से चला आ रहा है। अगर यह दोनों तरफ से होता तो शायद इसकी भी नियति मेरी जैसी ही होती।’’ ‘‘जब तक ऐसा कुछ होता नहीं; कोई नहीं जानता।’’ ‘‘मगर तुमने उसे इसके बारे में बताया क्यों नहीं?’’ ‘‘मेरी माँ ने कहा था; अगर मैं किसी से प्यार करती हूँ तो उसे बताने से पहले मुझे अठारह वर्ष पूरे करने होंगे। उसने कहा; उस लड़के से मिलने से पहले मुझे बालिग होना चाहिए।’’ —इसी उपन्यास से प्रेम और अंतरंगता के ताने-बाने में बुना अत्यंत रोचक और पठनीय उपन्यास। एक बार पढ़ना शुरू करने के बाद पाठक इसे खत्म करके ही रुकेंगे।

Add to Cart

Customer Reviews

—

4.3 out of 5 stars 13

4.6 out of 5 stars 12

5.0 out of 5 stars 3

3.8 out of 5 stars 3

Price

— ₹204.25₹204.25 ₹198.45₹198.45 ₹292.00₹292.00 ₹159.60₹159.60

Publisher ‏ : ‎ Prabhat Prakashan; First Edition (1 January 2022); New Delhi-110002 (PH: 7827007777) Email: prabhatbooks@gmail.com
Language ‏ : ‎ Hindi
Hardcover ‏ : ‎ 224 pages
ISBN-10 ‏ : ‎ 935322926X
ISBN-13 ‏ : ‎ 978-9353229269
Item Weight ‏ : ‎ 340 g
Dimensions ‏ : ‎ 1.4 x 13.97 x 21.59 cm
Country of Origin ‏ : ‎ India
Net Quantity ‏ : ‎ 1 Count
Importer ‏ : ‎ Prabhat Prakashan Pvt. Ltd., 4/19, Asaf Ali Raod, New Delhi-110002 (PH: 7827007777) Email: prabhatbooks@gmail.com
Packer ‏ : ‎ Prabhat Prakashan Pvt. Ltd.
Generic Name ‏ : ‎ Book

Buy Now